CUSB GAYA: गुरु एवं शिष्य का संबंध भारतीय परंपरा का अहम हिस्सा, माननीय राज्यपाल, बिहार प्रदेश,लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन
Gaya
गुरु एवं शिष्य का संबंध भारतीय परंपरा का अहम हिस्सा, माननीय राज्यपाल, बिहार प्रदेश,लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन
गुरु एवं शिष्य का संबंध भारतीय परंपरा का अहम हिस्सा है, मैं आज भी अपने गुरुओं का आदर करता हूँ और सदा करता रहूँगा | मुझे अपनी पढ़ाई पूरी किए हुए 50 वर्ष से अधिक हो चुके हैं लेकिन आज भी अगर किसी गुरु का व्हाट्सएप पर मैसेज आता है तो मैं उसको सबसे पहले पढ़ता हूँ | उक्त वक्तव्य बिहार के माननीय राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने आज सोमवार को दक्षिण बिहार केन्द्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के पंचम दीक्षांत समारोह के मुख्य अतिथि के रूप में दिया | दीक्षांत समारोह में गोल्ड मैडल और डिग्री हासिल करने वाले छात्रों एवं प्राध्यापकों को सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा कि इस कामयाबी का श्रेय दोनों को जाता है | छात्र - छात्राओं का विशेष रूप से ध्यान आकर्षित करते हुए माननीय राज्यपाल ने कहा कि आज का दिन आप सबके लिए खास और खुशी का दिन है। मेरा यह परामर्श है कि आप यह खुशियां बांटे क्यूंकि खुशियां और ज्ञान बाटने से बढ़ती है | सीयूएसबी के नैक ए ++ ग्रेड, यूजीसी केटेगरी वन (01) के दर्जे के साथ - साथ यूनिवर्सिटी के साफ़-सुथरे ग्रीन कैंपस का उन्होंने सराहना की करते हुए कहा कि सीयूएसबी के छात्र काफी मेघावी है | इसका प्रमाण मेरे राज्यपाल के रूप में पदभार ग्रहण के बाद बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग (बीएसयूएससी), पटना द्वारा नवस्थापित 211 डिग्री महाविद्यालयों के कुल 2400 पदों के लिए सहायक प्राध्यापक के पद पर 80 विद्यार्थियों की नियुक्ति हुई है जो इस विश्वविद्यालय की शैक्षणिक उत्कृष्टता को दर्शाता है | माननीय राज्यपाल ने सीयूएसबी के कुलपति प्रो. के. एन. सिंह से आग्रह किया कि वे बिहार राज्य के नागरिकों के लिए चलाए जा रहे जागरूकता अभियान में भाग लें जिसमें उन्होंने विशेषकर 'टीबी मुक्त विभाग' अभियान में भाग लेने का आग्रह किया | आज जब आप इस परिसर से डिग्रियाँ प्राप्त कर समाज और राष्ट्र के व्यापक फलक पर कदम रख रहे हैं, तो याद रखिएगा कि यह केवल एक शैक्षणिक पड़ाव की समाप्ति नहीं है, बल्कि राष्ट्र निर्माण के प्रति एक नए दायित्व की शुरुआत है। आपकी ऊर्जा, आपकी तकनीकी समझ और आपकी नवीन सोच ही भारत को वैश्विक पटल पर एक मार्गदर्शक के रूप में स्थापित करेगी।इस अवसर और बिहार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि मैं यहाँ पर उपस्थित विद्यार्थियों-शोधार्थियों से कहना चाहता हूँ कि आप चाहे जिस क्षेत्र में अपना करियर बनाएँ मानवता के संरक्षण एवं उन्नयन हेतु अपेक्षित उपक्रमों में अपना योगदान अवश्य दें। समाज के एक जिम्मेदार सदस्य के रूप में सामाजिक हितों से समझौता न करें। अपने करियर को बेहतर बनाने के प्रयासों में अहिंसक विरोध प्रदर्शन, मानव सम्मान, संवैधानिक अधिकारों एवं कर्तव्यों पर अटूट विश्वास बनाए रखें। अपनी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का ख्याल रखने के साथ-साथ सामने वाले के दृष्टिकोण का महत्व भी कमतर न मानें।
अपने उद्बोधन में माननीय श्री जीतनराम मांझी, केन्द्रीय मंत्री, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय, भारत सरकार ने कहा कि हमारी संस्कृति, हमारी सभ्यता और हमारी पूरी ज्ञान संपदा की जिम्मेदारी आपके ऊपर है। सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) मंत्रालय का दायित्व संभालते हुए मैं रोज देश के युवाओं की उद्यमशीलता और नए विचारों को बहुत करीब से देखता हूँ। आज देश की सोच बदल चुकी है। हमारा युवा अब केवल 'नौकरी माँगने वाला' नहीं बनना चाहता, बल्कि वह 'नौकरी देने वाला' बनना चाहता है। यही वह आत्मनिर्भरता है जिसकी कल्पना महात्मा गांधी और बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर ने की थी।अतिथि के रूप में सिक्किम और मेघालय के पूर्व राज्यपाल श्री गंगा प्रसाद ने अपने संबोधन में कहा कि भारत आज ‘आत्मनिर्भर भारत’ की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इस अभियान में उच्च शिक्षण संस्थानों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सीयूएसबी ने शिक्षा और शोध के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया है, विश्वविद्यालय ने बिहार को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाई है।सीयूएसबी के कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह ने महामहिम राज्यपाल, विशिष्ट अतिथि, कार्यकारणी समिति, अकादमिक समिति एवं अन्य गणमान्यों के कार्यक्रम में उपस्थित होने के लिए आभार प्रकट किया | कुलपति महोदय ने विश्वविद्यालय की रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए गत वर्ष की उपलब्धियों एवं भविष्य की योजनाओं को साझा किया | मुझे यह कहते हुए गौरव का अनुभव हो रहा है कि कम समय में ही हमारे विश्वविद्यालय ने एक सराहनीय स्थान प्राप्त किया है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के सफल क्रियान्वयन में हमारा विश्वविद्यालय अग्रणी रहा है। हमने बहुविषयक शिक्षा, कौशल विकास और अकादमिक बैंक ऑफ क्रेडिट को पूरी तरह से लागू कर दिया है। वर्तमान में हमारे विभिन्न विभागों में उच्च स्तरीय अनुसंधान कार्य चल रहे हैं। हमारे संकाय सदस्यों ने राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनेक प्रतिष्ठित शोध पत्र प्रकाशित किए हैं और पेटेंट हासिल किए हैं। हमारा परिसर पूरी तरह से हरित, पर्यावरण-अनुकूल और अत्याधुनिक डिजिटल सुविधाओं से सुसज्जित है।दीक्षांत समारोह में महामहिम राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन ने स्टेज पर टॉपर्स को डिग्री के साथ चांसलर गोल्ड मेडल, स्कूल गोल्ड मेडल, डिपार्टमेंट गोल्ड मेडल प्रदान किया। पंचम दीक्षांत समारोह के दौरान स्नातक एवं स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कुल 61 विद्यार्थियों को 95 स्वर्ण पदक प्रदान किया गया | वर्ष 2023 के लिए दो विद्यार्थियों को कुलाधिपति स्वर्ण पदक, 11 विद्यार्थियों को संकाय स्वर्ण पदक तथा 29 विद्यार्थियों को विभागीय स्वर्ण पदक प्रदान किए गए। इसी प्रकार, वर्ष 2024 के लिए दो विद्यार्थियों को कुलाधिपति स्वर्ण पदक, 11 विद्यार्थियों को संकाय स्वर्ण पदक तथा 32 विद्यार्थियों को विभागीय स्वर्ण पदक किया गया। पहली बार आठ विद्यार्थियों को प्रायोजित स्वर्ण पदक प्रदान किया गया जिनमे डॉ. मंजू करण स्मृति चिह्न, शेओधारी स्मारक स्वर्ण पदक, श्री विश्वनाथ डालमिया स्मारक स्वर्ण पदक, आनंदी देवी डालमिया स्मारक स्वर्ण पदक, कमला देवी स्मारक स्वर्ण पदक तथा डॉ. बिंदेश्वर पाठक स्वर्ण पदक शामिल हैं। दीक्षांत समारोह में अंडरग्रेजुएट (यूजी), पोस्टग्रेजुएट (पीजी) एवं पीएचडी पाठ्यक्रम के कुल 1,662 विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गई | मेडल वितरण समारोह में परीक्षा नियंत्रक डॉ. शांतिगोपाल पाइन ने औपचारिक उद्घोषणाएं की, धन्यवाद ज्ञापन कुलसचिव प्रो. नरेंद्र कुमार ने दिया तथा मंच संचालन लाइफ साइंस विभाग की डॉ. अमृता श्रीवास्तव ने किया |
ये भी पढ़ें: CUSB GAYA : मानसिक स्वास्थ्य शारीरिक स्वास्थ्य जितना ही महत्त्वपूर्ण-- कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह, सीयूएसबी
पब्लिक जी न्यूज़ Digital Top Story
लेखक के बारे में
By किशोर अनिल
सीनियर एडिटर
राजनीति और राज्य मामलों पर दो दशक का अनुभव।

CUSB GAYA : भारत सरकार के पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय का एरोसोल नेटवर्क कार्यक्रम सीयूएसबी में स्थापित, जलवायु परिवर्तन के कारकों का अध्ययन होगा सुगम
17 Oct
CUSB GAYA : मानसिक स्वास्थ्य शारीरिक स्वास्थ्य जितना ही महत्त्वपूर्ण-- कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह, सीयूएसबी
14 Oct
शुक्रवार के ख़ुत्बों का एकसमान रूप धार्मिक स्वतंत्रता और वैचारिक विविधता पर एक गंभीर हमला--मोहम्मद राशिद अहमद, संपादक संगम उर्दू
13 Oct
अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर किलकारी में विशेष संवाद कार्यक्रम, बालिकाओं को आत्मनिर्भर एवं आत्मविश्वासी बनने का संदेश
13 Oct
CUSB GAYA : सीयूएसबी में विश्व मानसिक स्वास्थ्य सप्ताह के अंतर्गत भाषण एवं पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता का आयोजन
12 Oct
वोट बचाओ, देश बचाओ जनांदोलन तथा जनजागरण अभियान 10 से 20 अक्टूबर तक जारी रहेगा --कॉंग्रेस
11 Oct
GAYA : पितृपक्ष के अंतिम दिन एमपी के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पितृ अमावस्या पर अपने पितरों के मोक्ष प्रदान करने के लिए गया जी में किए तर्पण और पिंडदान
11 Octपब्लिक जी न्यूज़ ऐप :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए